ईरान का हमला: ईरान ने इज़राइल पर कई चरणों में लगभग 30 बैलिस्टिक मिसाइलें दागीं। इन हमलों में इज़राइल के दो एयर बेस, उनके रडार सिस्टम और हाइफ़ा शहर को निशाना बनाया गया। इसके अलावा, यमन के हूति विद्रोहियों ने भी इज़राइल की तरफ दो मिसाइलें लॉन्च कीं।
इज़राइल का पलटवार: जवाब में इज़राइल ने ईरान की राजधानी तेहरान समेत इस्फहान और तबरीज़ जैसे शहरों पर हवाई हमले किए। इज़राइली सेना ने विशेष रूप से ईरान के एयर डिफेंस (सतह से हवा में मार करने वाली मिसाइलों) और इराक सीमा के पास स्थित एक बड़े पेट्रोकेमिकल प्लांट (तेल/रसायन कारखाने) को निशाना बनाया।
लंबे संघर्ष की तैयारी: दोनों देशों के सैन्य अधिकारियों ने संकेत दिए हैं कि वे लंबे समय तक लड़ने के लिए तैयार हैं। इज़राइली सेना कुछ दिनों तक चलने वाली जंग की तैयारी कर रही है, जबकि तेहरान (ईरान) का कहना है कि वे एक हफ्ते तक संघर्ष के लिए तैयार हैं।